चक्रवाती तूफान 'मुरासु' कमजोर होकर डिप्रेशन में बदला, दक्षिण और मध्य भारत में भारी बारिश का अलर्ट

चक्रवाती तूफान 'मुरासु' कमजोर होकर डिप्रेशन में बदला, दक्षिण और मध्य भारत में भारी बारिश का अलर्ट
तारीख: 4 नवंबर 2026
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने चक्रवाती तूफान 'मुरासु' को लेकर महत्वपूर्ण मौसम अपडेट जारी किया है। IMD के अनुसार, गंभीर चक्रवाती तूफान मुरासु कमजोर होकर अब डिप्रेशन में बदल गया है। इसका केंद्र पूर्वी तेलंगाना और उससे सटे तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर स्थित है।
हालांकि तूफान की तीव्रता कम हुई है, लेकिन इसका प्रभाव दक्षिण और मध्य भारत के कई राज्यों में जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है।
चक्रवाती तूफान मुरासु की वर्तमान स्थिति
IMD के अनुसार, डिप्रेशन अगले छह घंटों में लगभग उत्तर दिशा की ओर बढ़ सकता है और धीरे-धीरे कमजोर होकर स्पष्ट निम्न दबाव क्षेत्र (Well-Marked Low Pressure Area) में बदल सकता है।
4 नवंबर 2026 को सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटों के दौरान तेलंगाना और तटीय आंध्र प्रदेश के कई इलाकों में अत्यधिक बारिश दर्ज की गई। भद्राद्री कोठागुडेम जिले के मुलकलापल्ली और पश्चिम गोदावरी के कुछ क्षेत्रों में बारिश लगभग 27 सेंटीमीटर तक पहुंच गई।
इसके अलावा छत्तीसगढ़, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में 7 से 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश दर्ज की गई।
दक्षिण भारत में भारी बारिश का अलर्ट
आंध्र प्रदेश, यानम और तेलंगाना: 4 नवंबर को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों और पूर्वी तेलंगाना में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। हवा के झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।
तमिलनाडु और पुडुचेरी: आने वाले दिनों में कई स्थानों पर बारिश, गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश भी हो सकती है।
केरल और कर्नाटक: इन राज्यों में भी बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर भारी बारिश और गरज-चमक हो सकती है।
मध्य और पूर्वी भारत में मौसम का पूर्वानुमान
IMD के अनुसार, 4 नवंबर को दक्षिण छत्तीसगढ़ और दक्षिण ओडिशा में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। इस दौरान बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी आशंका है।
वहीं, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 8 से 10 नवंबर के बीच कई स्थानों पर व्यापक बारिश होने का अनुमान है।
देश के अलग-अलग हिस्सों में सक्रिय ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण और पश्चिमी विक्षोभ भी मौसम को प्रभावित कर सकते हैं।
दिल्ली और उत्तर भारत में कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में मौसम मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना है। सुबह के समय हल्का कोहरा या धुंध दिखाई दे सकती है।
दिल्ली में अधिकतम तापमान 27 से 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 15 से 17 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।
उत्तर-पश्चिम, पश्चिम और पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों में इस सप्ताह किसी बड़े मौसम अलर्ट की संभावना नहीं जताई गई है।
किसानों के लिए IMD की महत्वपूर्ण सलाह
भारी बारिश के कारण खेतों में जलभराव, फसलों को नुकसान और कृषि कार्यों में परेशानी हो सकती है। ऐसे में किसानों को निम्नलिखित सावधानियां बरतनी चाहिए:
- खेतों में जमा अतिरिक्त पानी निकालने के लिए उचित जल निकासी की व्यवस्था करें।
- धान, कपास और मक्का जैसी खड़ी फसलों को जलभराव से बचाएं।
- बारिश और तेज हवाओं के दौरान कीटनाशक तथा उर्वरकों का छिड़काव न करें।
- कृषि उपकरणों और अस्थायी संरचनाओं को सुरक्षित रखें।
- खेतों में काम करने से पहले स्थानीय मौसम पूर्वानुमान जरूर देखें।
मछुआरों और आम नागरिकों के लिए चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों के आसपास समुद्र की स्थिति खराब से बहुत खराब रह सकती है। मछुआरों को इन क्षेत्रों में समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
आम नागरिकों को गरज-चमक के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। निचले और जलभराव वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करना चाहिए।
चक्रवाती तूफान मुरासु कमजोर होकर डिप्रेशन में बदल गया है, लेकिन दक्षिण और मध्य भारत के कई राज्यों में बारिश का खतरा अभी बना हुआ है। तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, कर्नाटक, केरल, छत्तीसगढ़ और ओडिशा के लोगों तथा किसानों को मौसम की स्थिति पर नजर रखनी चाहिए।
जिला स्तर के मौसम अलर्ट और ताजा पूर्वानुमान के लिए भारत मौसम विज्ञान विभाग की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
Krushi Kranti पर किसानों के लिए मौसम अपडेट, कृषि समाचार और खेती से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी पढ़ते रहें।
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), 4 नवंबर 2026 की प्रेस विज्ञप्ति। मौसम की जानकारी के अनुसार स्थानीय चेतावनियों में बदलाव हो सकता है।
